उत्तराखंड के हरिद्वार स्थित तेलपुरा गांव में किसान अब पारंपरिक खेती छोड़ हर्ब्स (Parsley, Oregano, Marjoram, Thyme) की खेती से लाखों की कमाई कर रहे हैं। मुकेश और पूरण सिंह जैसे किसानों ने निजी कंपनी के साथ टाई-अप कर तय भाव पर फसल बेचने का मॉडल अपनाया, जिससे बाजार का जोखिम कम हुआ। पार्सले से जहां 1.5 लाख रुपये/एकड़ तक बचत हो रही है, वहीं ऑरिगेनो और मार्जोरम जैसी फसलें 1–2 लाख से ज्यादा का शुद्ध मुनाफा दे रही हैं। खास बात यह है कि इन फसलों को बंदर और जंगली जानवर नुकसान नहीं पहुंचाते, जिससे खेती और भी सुरक्षित बनती है। सह-फसली लहसुन और तुलसी से अतिरिक्त आय लेकर तेलपुरा के करीब 50 किसान अब हर्ब्स खेती को मुनाफे का नया रास्ता बना चुके हैं।
HIGHLIGHTS
बंदर-जंगली जानवरों से सुरक्षित फसलें: पार्सले, ऑरिगेनो, थाइम
पार्सले से 1.5 लाख/एकड़ तक बचत, कंपनी से तय भाव पर खरीद
ऑरिगेनो की खेती से 2.5 लाख/एकड़ आय, ड्राई प्रोसेस के बाद बिक्री
मार्जोरम बना नया मुनाफे का मॉडल, दो कटाई में 2 लाख शुद्ध लाभ
सहफसली लहसुन और तुलसी से अतिरिक्त कमाई, जोखिम कम-आय ज्यादा
तेलपुरा के 50 किसान जुड़े हर्ब्स खेती से, एक एकड़ से 15 एकड़ तक सफर